बिहार में लालू के जंगलराज में RJD नेता ने IAS की पत्नी, माँ, भतीजी से लगातार 2 साल तक किया था Gang Rape… !  

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बिहार में लालू के जंगलराज में RJD नेता ने IAS की पत्नी, माँ, भतीजी से लगातार 2 साल तक किया था Gang Rape… !  
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भारतीय जनता पार्टी शासित उत्तर प्रदेश के हाथरस की घटना को जिस तरह योगी विरोधी उछाल रहे हैं, ये ही लोग राष्ट्रीय जनता दल द्वारा बिहार में जंगल राज पर चुप्पी साधे हुए थे। आरजेडी के राज में आम नागरिक तो दूर की बात है, ब्यूरोक्रेट्स के परिवार की महिलाएं तक सुरक्षित नहीं थीं। लालू के राज में इस तरह के अपराध होना स्वाभाविक था, क्योकि जिस प्रदेश में मुख्यमंत्री अनपढ़ हो, और परिवार नियोजन को तार-तार कर बच्चों की लाइन लगाने में व्यस्त हो, कानून की धज्जियां उड़नी ही हैं।

नेताओं के बाद अगर सरकार में किसी की सबसे ज्यादा चलती है तो वो हैं ब्यूरोक्रेट्स। बिहार में जंगलराज का जो दौर था, उसमें IAS अधिकारी तक सुरक्षित नहीं थे। ऐसे ही एक अधिकारी की पत्नी थीं चम्पा विश्वास। चम्पा विश्वास के साथ रेप एक ऐसी घटना थी, जिसने पूरे बिहार ही नहीं, बल्कि देश को हिला कर रख दिया था।

बिहार में नेताओं पर यौन शोषण के आरोप नए नहीं हैं। हाल ही में सामने आए मुजफ्फरपुर बालिका गृह काण्ड के दौरान भी बड़े नेताओं का नाम सामने आया। राजद ने दो बलात्कारी विधायकों की पत्नियों को टिकट दे रखा है। अभी जब ये सब खुलेआम हो रहा है तो उस दौर की आप सिर्फ कल्पना ही कर सकते हैं, जब लालू यादव के क़रीबी पूरे बिहार में कुछ भी कर सकते थे, कुछ भी। इन्हीं काली घटनाओं में से एक की हम आज चर्चा करने जा रहे हैं।

चम्पा विश्वास के साथ रेप की घटना: बिहार के दामन पर लगा काला दाग

लालू जी के राज में बिहार में 1982 बैच के एक सीनियर IAS हुआ करते थे। दलित समाज से थे। नाम था बी.बी. विश्वास। राज्यपाल के श्रम विभाग में सामाजिक सुरक्षा के निदेशक के रूप में कार्यरत थे। इनकी पत्नी का नाम था चम्पा विश्वास।

उस समय लालू जी की पार्टी की विधायक हेमलता यादव के बेटे बबलू उर्फ मृत्युंजय यादव की नजर चम्पा विश्वास पर पड़ीं। फिर क्या.. सीनियर IAS की बीवी का बलात्कार हो गया। मृत्युंजय यादव और उसके कई दोस्त दो साल तक लागातार चंपा विश्वास के साथ सामूहिक बलात्कार करते रहे।

बी.बी. विश्वास और उनकी पत्नी थाना गये। केस दर्ज नहीं हुआ। लालू के पास गये, लालू बोले कि जो हुआ भूल जाओ। केस करके कुछ नहीं मिलेगा। कार्रवाई कैसे होती, आरोपी लालू की बिरादरी का जो था, और उनकी बायोग्राफी वाली एक किताब भी लिखा था। लगातार चम्पा विश्वास का सामूहिक बलात्कार होता रहा। एक बार तो गर्भपात भी कराना पड़ गया था। गैंगरेप से फिर से गर्भवती ना हो, इसके लिए चम्पा विश्वास ने नसबंदी का रास्ता चुना।

बेबस सीनियर IAS और उनकी पीड़ित पत्नी ने राज्य के राज्यपाल सुंदर सिंह भंडारी को एक पत्र के माध्यम से सबकुछ बताया। तब विपक्ष के नेता सुशील कुमार मोदी ने इस मामले को मीडिया में उठाया। तब जाके कार्रवाई हुई। इंडिया टुडे में इस खबर के छपने से देश में हड़कंप मच गया था। वीवी विश्वास ने कहा था कि मृत्युंजय न सिर्फ उनकी पत्नी के साथ बलात्कार किया, बल्कि उनकी सास, साली, दो नौकरानी, और भतीजी कल्याणी का भी बलात्कार किया।

लालू यादव सामाजिक न्याय के नाम पर ऐसी सरकार चलाने लगे थे। अपहरण बिहार का सबसे बड़ा कारोबार था। एक सवाल है कि अगर वो IAS अगड़ी जाति के होते, तो क्या लालू के विधायक का लड़का बेखौफ होकर उनकी बीवी का बलात्कार करता.? मुजफ्फरपुर की घटना निंदनीय है, पर चम्पा विश्वास का क्या, इस घटना के बाद उनके पति का वेतन रोक दिया गया। सड़क पर आ गये थे पति पत्नी। इलाज का पैसा नहीं था, बेमौत मर गये। चम्पा अपने दो बच्चों के साथ कोलकाता चले जाने के बाद विस्मृत हो गयी। मामला 1998 का है।